नई दिल्ली: हम रोजमर्रा की जिंदगी में कई चीजों की एक्सपायरी डेट को लेकर सतर्क रहते हैं फिर चाहे वह खाने की चीजें हो, दवाइयां हों या कॉस्मेटिक्स. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जिस तौलिये से आप रोज नहाने के बाद शरीर पोंछते हैं, उसकी भी एक तय उम्र होती है? यह सुनने में अजीब लग सकता है, लेकिन सच यही है कि तौलिया भी समय के साथ आपकी सेहत पर असर डाल सकता है.
यह आपकी सेहत के लिए नुकसानदायक बन सकता है. लगातार नमी और त्वचा के संपर्क में रहने के कारण यह बैक्टीरिया और फंगस का घर बन जाता है, जो धीरे-धीरे आपकी त्वचा पर असर डालने लगता है. भले ही यह दिखाई न दें लेकिन यह धीरे-धीरे आपकी त्वचा को बिमार करता है.
एक्सपर्ट्स के अनुसार, एक सामान्य तौलिये की उम्र अधिकतम एक से दो साल मानी जाती है. रोजाना गीला होने और कई बार ठीक से न सूख पाने की वजह से इसमें बैक्टीरिया, फंगस और डेड स्किन सेल्स जमा हो जाती हैं. जोकि हमारी आंखो से नहीं दिखाई देते हैं. लेकिन तौलिया अंदर से संक्रमित बना रहता है. ऐसे में अगर आपने अपने तौलिए को एक 2 साल में रिटायर नहीं किया तो वह आपकी त्वचा के लिए किसी अभिषाप से कम नहीं होगा.
एक्सपायर हो चुके तौलिये का इस्तेमाल करने से त्वचा पर खुजली, लाल चकत्ते, रैशेज और फंगल इंफेक्शन हो सकता है. खासतौर पर चेहरे, गर्दन और प्राइवेट पार्ट्स पर इसका असर जल्दी दिखता है. जिन लोगों की इम्यूनिटी कमजोर होती है, उनके लिए यह और भी खतरनाक साबित हो सकता है. कई बार लोग दवाइयां लेते रहते हैं, लेकिन समस्या की असली जड़ की पहचान नहीं कर पाते.
बहुत से लोगो को यह पता नहीं चल पाता है कि उन्हें अपना तौलिया कब एक्पायर करना है तो आपको बता दें जब आपके तौलिये से धोने के बाद भी अजीब सी बदबू आने लगे, वह कड़ा महसूस हो या उसका रंग फीका पड़ जाए, तो आपका तौलिया संकेत दे रहा है कि उसे बदलने का आवश्यकता है. इन संकेतो के मिलते ही पुराने तौलिया का उपयोग करना छोड़ दें. इसके अलावा अगर तौलिया देर से सूखता है या हमेशा सीलन भरा लगता है, तो ऐसी स्थिती में उसमें बैक्टीरिया पनप चुके होते हैं. इस समय तुरंत ही उसका बदलाव करें.
अब अगर बात करें तौलिये को इस्तेमाल करने का सही तरीका क्या है. तो बता दें हर इस्तेमाल के बाद तौलिए को अच्छी तरह सुखाएं, वहीं गलती से भी गीले तौलिये को बंद बाथरूम में टांगकर न छोड़े. हफ्ते में कम से कम दो बार तौलिया धोना चाहिए और हर व्यक्ति का अलग तौलिया होना चाहिए, ताकि संक्रमण फैलने का खतरा कम हो.
समय पर तौलिया बदलना भले ही एक छोटी सी बात लगे, लेकिन इसका असर आपकी सेहत पर बहुत बड़ा होता है. जैसे हम पुराने टूथब्रश को बिना सोचे बदल देते हैं, वैसे ही तौलिये को भी तय समय पर बदलना जरूरी है. थोड़ी सी जागरूकता आपको त्वचा से जुड़ी कई परेशानियों से बचा सकती है और रोजमर्रा की हाइजीन को बेहतर बना सकती है.
Disclaimer: आर्टिकल में दी गई सभी जानकारी सामान्य मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. हम ऊपर दी गई जानकारियों की पुष्टि नहीं करते है.