वेस्ट बंगालः भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी और एक्टर-पॉलिटिशियन देव को SIR नोटिस भेजा गया था. इसी को लेकर नोबेल पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री को भी नोटिस भेजा गया है. अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने उन्हे भी आगे बुलाया है. साथ ही इस घटना को बेहद दुखद बताया.
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे और तृणमूल कांग्रेस के सांसद अभिषेक बनर्जी ने मंगलवार को चुनाव आयोग पर निशाना साधा. उन्होंने दावा किया कि नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन को स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) सुनवाई के लिए पेश होने का नोटिस भेजकर चुनाव आयोग बंगाल के नागरिकों को निशाना बना रहा है.
उन्होंने कहा, "यह बहुत दुखद है, उन्होंने अमर्त्य सेन को नोटिस भेजा है, जिन्होंने भारत के लिए नोबेल पुरस्कार जीता, देश को समृद्ध किया और दुनिया के मंच पर इसे और ज्यादा मशहूर बनाया. उन्होंने क्रिकेटर मोहम्मद शमी को भी नोटिस भेजा है, जिन्होंने वर्ल्ड कप में भारत के लिए खेला था. उन्होंने मशहूर एक्टर देव को भी एक पत्र भेजा है. यह सभी को बदनाम और परेशान करने की कोशिश कर रहे हैं."
TMC सांसद ने आगे कहा, "SIR के नाम पर, BJP-ECI का गठजोड़ बंगाल के लोगों को निशाना बना रहा है. मैं यहां आया तो मुझे पता चला कि नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन, जिन्होंने हमारे देश को वैश्विक पहचान दिलाई है, उन्हें सुनवाई का नोटिस दिया गया है." सोमवार को दक्षिण कोलकाता के जादवपुर इलाके में कार्तजू नगर स्कूल से नोटिस जारी किए गए थे, जिसमें उन्हें असिस्टेंट इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर (AERO) के सामने पेश होने का निर्देश दिया गया था.
हालांकि, चुनाव आयोग ने अमर्त्य सेन के बारे में अभिषेक बनर्जी के दावे पर अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है. इससे पहले, चुनाव आयोग ने भारतीय क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी और उनके भाई मोहम्मद कैफ को SIR सुनवाई के लिए पेश होने के लिए बुलाया था. हालांकि, शमी को 9 और 11 जनवरी को चुनाव आयोग के सामने पेश होना है, क्योंकि वह विजय हजारे ट्रॉफी में बंगाल का प्रतिनिधित्व करने के लिए राज्य से बाहर हैं.