लखनऊ: उत्तर प्रदेश के कई जिलों में आई तेज धूल भरी आंधी, भारी बारिश और बिजली गिरने की घटनाओं ने भारी तबाही मचा दी. PTI के अनुसार खराब मौसम के कारण अलग-अलग हादसों में अब तक कम से कम 89 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं. पेड़ गिरने, दीवार ढहने और बिजली आपूर्ति बाधित होने से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है.
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को तुरंत राहत और बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं. मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए प्रभावित लोगों को हरसंभव सहायता और शीघ्र मुआवजा उपलब्ध कराने को कहा है.
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार सबसे अधिक मौतें प्रयागराज में दर्ज की गईं, जहां 16 लोगों की जान चली गई. इसके अलावा भदोही में 15 और मिर्जापुर में 10 लोगों की मौत हुई है. फतेहपुर में नौ, हरदोई में सात, जबकि कानपुर देहात और कौशांबी में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई.
प्रयागराज के फूलपुर में चार, सोरांव में तीन और मेजा में दो लोगों की मौत की पुष्टि हुई है. हांडिया, सोरांव, फूलपुर और मेजा इलाकों में तूफान ने व्यापक नुकसान पहुंचाया है. कई स्थानों पर पेड़ जड़ से उखड़ गए और मकानों को नुकसान पहुंचा.
भदोही के खरगासेनपुर गांव में तूफान के दौरान एक पेड़ घर पर गिर गया, जिससे एक महिला और उसकी तीन बेटियों की मौत हो गई. वहीं बदायूं में अलग-अलग घटनाओं में पांच लोगों की जान गई और पांच अन्य घायल हो गए.
STORY | 89 killed as storm, rain batter UP; relief work underway
— Press Trust of India (@PTI_News) May 14, 2026
At least 89 people were killed after a strong storm and heavy rain pounded several districts of Uttar Pradesh, uprooting trees and electric poles and damaging houses, according to the Relief Commissioner's office.… pic.twitter.com/YyGRCQv5Hf
सिद्धपुर कैथोली गांव में मिट्टी की दीवार गिरने से दो लड़कियों की मौत हो गई, जबकि दो महिलाएं घायल हो गईं. तारक परोली में ट्यूबवेल के कमरे पर पेड़ गिरने से एक व्यक्ति की मौत हो गई. बिसोली क्षेत्र में यूकेलिप्टस का पेड़ ट्रक पर गिरने से चालक की जान चली गई. एक अन्य युवक की मौत उस समय हो गई जब वह अपने पिता को खाना पहुंचाने जा रहा था.
प्रयागराज के पत्थर गिरजाघर, अशोक नगर, कचहरी रोड और महात्मा गांधी मार्ग समेत कई इलाकों में पेड़ गिरने की घटनाएं सामने आईं. कल्याणी देवी क्षेत्र में भी भारी नुकसान हुआ है. कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई, जबकि त्रिवेणी संगम क्षेत्र में झोपड़ियां उखड़ गईं और टिन शेड व सोलर पैनल हवा में उड़ गए.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जिला प्रशासन और संबंधित विभागों को प्रभावित इलाकों में तुरंत पहुंचने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि राहत कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
पीटीआई के अनुसार मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सतर्क रहने और राजस्व व कृषि विभाग के साथ बीमा कंपनियों को नुकसान का सर्वेक्षण कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने यह भी कहा कि आकलन पूरा होने के बाद मुआवजा जल्द जारी किया जाए.