चंडीगढ़: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान आज दशमेश पिता श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के पवित्र जन्म स्थान और चरण-छोह धरती तख्त श्री हरिमंदर जी पटना साहिब में नतमस्तक हुए।
इस दौरान मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब ने बेअदबी के खिलाफ सबसे सख्त कानून बनाकर गुरु साहिबान के सत्कार की रक्षा करने का रास्ता पूरे देश को दिखाया है। पंजाब, पंजाबियों और समूची सिख संगत की चढ़दी कला, खुशहाली और भले के लिए अरदास करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पावन शब्द गुरु की पवित्रता और मर्यादा को कायम रखने के लिए पंजाब को बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून बनाने का सौभाग्य बख्शने के लिए गुरु साहिब का शुक्राना किया।
बेअदबी को करोड़ों लोगों की आस्था के खिलाफ अक्षम्य अपराध बताते हुए मुख्यमंत्री ने देश भर की सभी राज्य सरकारों से ऐसा ही सख्त कानून लाने की अपील की। उन्होंने कहा कि पंजाब इस संबंध में हर संभव मदद देने को तैयार है।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आगे कहा कि पंजाब में श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की बेअदबी करने की जुर्रत करने वाले किसी भी व्यक्ति को अब अपनी पूरी उम्र जेल में बितानी पड़ेगी। उन्होंने यह सख्त संदेश दिया कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली कोई भी हरकत अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अपने एक्स हैंडल पर कुछ तस्वीरें साझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि आज मुझे दसवें पातशाह गुरु गोबिंद सिंह जी की पवित्र जन्मभूमि और चरण-छोह धरती तख्त श्री हरिमंदर जी पटना साहिब में माथा टेकने का सौभाग्य प्राप्त हुआ।
सीएम मान ने कहा, “मैंने गुरु साहिब के आगे माथा टेका और पंजाब, पंजाबियों तथा समूची सिख संगत की खुशहाली, तंदुरुस्ती और सदा चढ़दी कला के लिए अरदास की। मैं गुरु साहिब का दिल से धन्यवाद करता हूं कि उन्होंने हमें बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून बनाने का मौका देकर पवित्र शब्द गुरु की पवित्रता को कायम रखने का सौभाग्य बख्शा।” उन्होंने लिखा, “गुरु साहिब सब पर अपनी मेहर और आशीर्वाद बनाए रखें।”
माथा टेकने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा, “मुझे साहिब श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के पवित्र जन्म स्थान तख्त श्री हरिमंदर जी (पटना साहिब) में माथा टेकने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। गुरु साहिब की इलाही हाजिरी में माथा टेककर मैंने पंजाब, पंजाबियों और दुनिया भर में बसती समूची सिख संगत की खुशहाली, तंदुरुस्ती और सदा चढ़दी कला के लिए अरदास की।”
मुख्यमंत्री ने कहा कि सिर्फ सिख ही नहीं, बल्कि हर मनुष्य को हमारे महान गुरुओं के आशीर्वाद वाली इस पवित्र धरती से शक्ति और प्रेरणा मिलती है। गुरु साहिब की शिक्षाएं मानवता को सच्चाई, दया-भावना और विश्वव्यापी भाईचारे के मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करती हैं। CM भगवंत सिंह मान ने कहा, “मैंने अरदास की कि राज्य में आपसी एकता, अमन-शांति और भाईचारे की डोरें आगे और मजबूत हों तथा पंजाब हर क्षेत्र में देश का नेतृत्व करता रहे।”
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने आगे कहा कि मैं राज्य के लोगों की उम्मीदों पर खरा उतरने के लिए पूर्ण लगन और वचनबद्धता से उनकी सेवा करने के लिए सर्वशक्तिमान परमात्मा से आशीर्वाद मांगा। मुख्यमंत्री ने कहा, “इस पवित्र धरती पर माथा टेकने के बाद मैं नई और विलक्षण ऊर्जा महसूस कर रहा हूं। इस यात्रा ने मुझे मिशनरी जोश के साथ पंजाब के लोगों की सेवा करने के लिए नए उत्साह और हौसले से भर दिया है।”
गुरु साहिब का दिल से धन्यवाद करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब ने बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून बनाकर पूरे देश को गुरु साहिबान के सत्कार की रखवाली का रास्ता दिखाया है। उन्होंने कहा, “गुरु साहिब ने हमें बेअदबी के खिलाफ सख्त कानून बनाने की सेवा बख्शी है। पवित्र शब्द गुरु की पवित्रता और मर्यादा को कायम रखना हम सबका नैतिक फर्ज है।”
मुख्यमंत्री ने दोहराया कि पंजाब सरकार श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की मान-मर्यादा को कायम रखने और लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने की कोशिश करने वाले किसी भी व्यक्ति को सख्त सजा सुनिश्चित बनाने के लिए पूरी तरह वचनबद्ध है। उन्होंने उम्मीद जताई कि गुरु साहिब इसी तरह सब पर अपनी अपार कृपा और आशीर्वाद बनाए रखेंगे तथा पंजाब को अधिक खुशहाली, शांति और रंगला पंजाब के मार्ग की ओर ले जाएंगे। इस मौके पर मुख्यमंत्री के साथ मुख्य सचिव के.ए.पी. सिन्हा भी मौजूद थे।