नई दिल्ली: कोलंबो में होने वाले भारत-पाकिस्तान टी20 विश्व कप मुकाबले से पहले उत्साह चरम पर है, लेकिन इस बार चर्चा सिर्फ क्रिकेट तक सीमित नहीं है. सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या दोनों टीमें मैच से पहले या बाद में आदर्श टीमों की तरह से हाथ मिलाएंगी या नहीं? इस सावल के बीच ही दोनो टीमों के कप्तानों के बयान ने इस रहस्य को और गहरा कर दिया है. फैंस को अब इस मैच का बेसब्री से इंतजार है.
पिछले साल दुबई में हुए एशिया कप के बाद से दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच औपचारिक हाथ मिलाने की परंपरा पर विराम लगा हुआ है. पहलगाम हमले और उसके बाद की घटनाओं ने माहौल को संवेदनशील बना दिया था. ऐसे में रविवार के मैच को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं. अभी भी इस बात पर सस्पेंस बना हुआ है कि क्या दोनो टीमें आपस में हाथ मिलाएंगी या नहीं. हालांकि अब दोनो कप्तानों ने इस बात से पर्दा उठा दिया है.
इस महामुकाबले से पहले शनिवार को प्री-मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस में दोनों टीमों के कप्तानों से इस मुद्दे पर सवाल पूछा गया, लेकिन किसी ने भी स्पष्ट जवाब नहीं दिया. भारतीय कप्तान ने मुस्कुराते हुए कहा कि इसके लिए 24 घंटे इंतजार करना होगा और फिलहाल टीम का ध्यान सिर्फ क्रिकेट पर है. तो वहीं पाकिस्तान के कप्तान सलमान अली आगा ने भी लगभग यही रुख अपनाते हुए कहा कि इस पर फैसला मैच के दिन ही होगा. तो ऐसे में देखना दिलचस्प होगा कि मैदान पर दोनो टीमों का रुख क्या होता है.
दोनो टीमों ने खेल की भावना पर जोर दिया है. सलमान अली आगा ने तो साफ कहा कि क्रिकेट हमेशा खेल भावना के साथ खेला जाना चाहिए. उन्होंने यह भी जोड़ा कि व्यक्तिगत राय से ज्यादा अहम यह है कि खेल की परंपरा और मर्यादा बनी रहे. वहीं भारत की अपने खेल और रणनीति पर ही जोर दे रहा है.
इस हाई-प्रोफाइल मुकाबले को देखने के लिए कई क्रिकेट प्रशासक भी मौजूद रहेंगे. भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड के शीर्ष अधिकारी कोलंबो पहुंचने वाले हैं. वहीं अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के निमंत्रण पर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के प्रमुख अमीनुल इस्लाम बुलबुल भी मैच देखने आएंगे.
आईसीसी की पहल के तहत एशिया के प्रमुख क्रिकेट बोर्डों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी इस मुकाबले को और भी अहम बना रही है. अब सबकी नजरें मैच के साथ-साथ उस क्षण पर भी टिकी हैं, जब खेल भावना की असली परीक्षा होगी.