तेलंगाना के महबूबनगर जिले से एक एक चौंकाने वाली घटना सामने आ रही है. इस घटना ने सरकारी अस्पतालों की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. जाडचेरला के एरिया अस्पताल के मुर्दाघर में एक शव के साथ हुई कथित लापरवाही का मामला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली. घटना के वीडियो क्लिप के वायरल होते ही लोगों में आक्रोश फैल गया और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग तेज हो गई.
पुलिस के मुताबिक, मृतक की पहचान 32 वर्षीय पोल भीमेश्वर के रूप में हुई है, जो जाडचेरला कस्बे के निवासी थे. वह सोमवार सुबह एक तालाब में संदिग्ध हालात में मृत पाए गए थे. पोस्टमार्टम के लिए उनके शव को अस्पताल के मुर्दाघर में रखा गया था, जहां यह घटना हुई।
अधिकारियों ने बताया कि मुर्दाघर का फ्रीजर काम नहीं कर रहा था, जिसके कारण शव को फर्श पर रख दिया गया. शव के सूज जाने के कारण उसे उपलब्ध स्टोरेज यूनिट में रखना संभव नहीं था. हालांकि कमरे को बंद कर दिया गया था, फिर भी किसी तरह एक आवारा कुत्ता अंदर पहुंच गया. बाद में वार्ड कर्मचारी ने उसे बाहर निकाला, लेकिन तब तक नुकसान हो चुका था.
घटना के बाद अब इससे जुड़ा वीडियो सामने आ रही है. वीडियो ने लोगों में और आक्रोश बढ़ा दिया है. नागरिकों ने सार्वजनिक स्वास्थ्य सुविधाओं में सुरक्षा और बुनियादी ढांचे की खामियों को लेकर सवाल उठाए. मृतक के परिजनों ने भी जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की मांग की है.
तेलंगाना के स्वास्थ्य मंत्री सी. दामोदर राजा नरसिम्हा ने मामले का संज्ञान लेते हुए जांच के आदेश दिए. राज्य वैद्य विधान परिषद के आयुक्त अजय कुमार ने अस्पताल का दौरा कर परिजनों और स्टाफ से बातचीत की. प्रारंभिक कार्यवाही के तहत अस्पताल अधीक्षक, ड्यूटी रेजिडेंट मेडिकल ऑफिसर, एक मेडिकल ऑफिसर और मुर्दाघर सहायक को निलंबित कर दिया गया है.
अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए सुरक्षा उपायों को सख्त किया जाएगा और मुर्दाघर की सुविधाओं में सुधार किया जाएगा. फिलहाल विस्तृत जांच रिपोर्ट का इंतजार है, जबकि स्थानीय लोग अस्पतालों में बेहतर निगरानी और रखरखाव की मांग कर रहे हैं.