नई दिल्ली: चंडीगढ़ पुलिस ने स्वतंत्रता दिवस से ठीक पहले एक बड़ी आतंकी साजिश को नाकाम करते हुए प्रतिबंधित संगठन 'बब्बर खालसा इंटरनेशनल' (BKI) के तीन संदिग्धों को धर दबोचा है। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई (ISI) द्वारा पोषित इस मॉड्यूल के तार विदेशों में बैठे आकाओं से जुड़े बताए जा रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियों की इस समय रहते की गई कार्रवाई से राजधानी चंडीगढ़ में एक बड़ा हमला होने से टल गया। चंडीगढ़ में पिछले एक महीने के भीतर बीकेआई के मॉड्यूल का यह दूसरा बड़ा पर्दाफाश है। इससे पहले 26 जुलाई के आसपास भी पुलिस ने जालंधर के आदमुपुर निवासी सतबीर सिंह को 1.3 किलोग्राम विस्फोटक से लैस आईईडी के साथ गिरफ्तार किया था।
सेक्टर-43 बस स्टैंड के पीछे से धर दबोचा
पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ संदिग्ध आतंकी किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने के लिए शहर में घूम रहे हैं। इस पर कार्रवाई करते हुए सेक्टर-43 स्थित अंतरराज्यीय बस टर्मिनस के पीछे तीनों संदिग्धों को काबू किया गया।
टिफिन बॉक्स में छिपा 5 किलो विस्फोटक बरामद
शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि ये तीनों आरोपी विदेश में बैठे बीकेआई हैंडलर सतनाम सिंह उर्फ सत्ता नौशेरा के सीधे संपर्क में थे। उसी के निर्देशों पर वे चंडीगढ़ के किसी भीड़भाड़ वाले इलाके में आईईडी प्लांट कर शहर को दहलाने और दहशत फैलाने की फिराक में थे।
तलाशी के दौरान पुलिस को आरोपियों के कब्जे से टिफिन बॉक्स बैग में छिपाकर रखा गया एक संदिग्ध आईईडी बरामद हुआ। इसमें लगभग 5 किलोग्राम जिलेटिन छड़ें, एक डिटोनेटर, पावर सोर्स और रिमोट कंट्रोल सिस्टम शामिल था। इसके अलावा 1 देसी पिस्तौल, 1 मैगजीन और 5 जिंदा कारतूस भी जब्त किए गए हैं।
चंडीगढ़ में बड़ी आतंकी साजिश नाकाम
चंडीगढ़ में पिछले एक महीने के भीतर बीकेआई के मॉड्यूल का यह दूसरा बड़ा पर्दाफाश है। इससे पहले 26 जुलाई के आसपास भी पुलिस ने जालंधर के आदमुपुर निवासी सतबीर सिंह को 1.3 किलोग्राम विस्फोटक से लैस आईईडी के साथ गिरफ्तार किया था। ताजा मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS), विस्फोटक पदार्थ अधिनियम और शस्त्र अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। घटना के बाद से ही शहर के बस अड्डों, रेलवे स्टेशनों और संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से न घबराने और सतर्क रहने की अपील की है।