रायपुर: छत्तीसगढ़ के शक्ति जिले से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया. सिंघितारी गांव स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण बॉयलर विस्फोट ने कुछ ही पलों में खुशहाल माहौल को मातम में बदल दिया. धमाके के बाद फैली अफरा-तफरी और चीख-पुकार ने हालात की गंभीरता को साफ तौर पर बयां कर दिया.
मिली जानकारी के अनुसार, इस हादसे में कम से कम 11 लोगों की जान चली गई, जबकि 22 से ज्यादा कर्मचारी घायल हो गए हैं. कई घायलों की हालत फिलहाल नाजुक बताई जा रही है, जिन्हें तुरंत पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया. घटना के समय प्लांट के अंदर बड़ी संख्या में कर्मचारी काम कर रहे थे, जिससे नुकसान और ज्यादा बढ़ गया.
विस्फोट इतना जोरदार था कि पूरे प्लांट परिसर में दहशत फैल गई. कर्मचारी अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे, जिससे भगदड़ जैसी स्थिति बन गई. इस दौरान कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए. शुरुआत में बताया जा रहा था कि 30-40 लोग इस घटना में चोटिल हुए.
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और आपातकालीन टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं. राहत और बचाव अभियान तेजी से शुरू किया गया. घायलों को निकालकर एंबुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाया गया. अधिकारियों ने बताया कि दोपहर करीब 2 बजे इस दुर्घटना की जानकारी मिली थी.
शक्ति जिले के कलेक्टर अमृत टॉपनो ने घटना की पुष्टि करते हुए मृतकों और घायलों की संख्या बताई. वहीं नरेंद्र मोदी ने इस हादसे पर गहरा दुख जताया और मृतकों के परिजनों के लिए 2 लाख रुपये तथा घायलों के लिए 50,000 रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की.
पावर प्लांट के प्रवक्ता ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि हादसा बॉयलर यूनिट में हुआ, जिसका संचालन एक ठेकेदार कंपनी कर रही थी. कंपनी ने कहा कि उनकी प्राथमिकता घायलों का बेहतर इलाज सुनिश्चित करना है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है. दुर्घटना के पीछे की वजह का पता जल्द से जल्द लगाया जाएगा.