नई दिल्ली: भारत और पाकिस्तान के तनाव के बीच नई दिल्ली में स्थित पाकिस्तान हाई कमीशन के बाहर बने कुछ अनधिकृत संरचनाओं को प्रशासन द्वारा बुलडोजर चलाकर हटा दिया गया है. बताया जा रहा है कि ये ढांचे हाई कमीशन के वीजा सेक्शन के पास निर्धारित परिसर की सीमा से बाहर बनाए गए थे. जिसे संबंधित एजेंसियों ने कार्रवाई करते हुए साफ कर दिया है.
WION की रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली में हुई यह कार्रवाई इस्लामाबाद में भारतीय हाई कमीशन के बाहर पाकिस्तान की हालिया कार्रवाई के बाद हुई है. कुछ दिन पहले पाकिस्तानी अधिकारियों ने भारतीय मिशन के बाहर लगे पार्किंग पोल हटा दिए थे. ऐसे में दिल्ली की कार्रवाई को दोनों देशों के बीच चल रही जवाबी प्रशासनिक कार्रवाइयों से जोड़कर देखा जा रहा है.
Delhi just ripped down every bollard and barricade outside the Pakistan High Commission. The entire security ring-fence is gone. No more protection for their compound.
— Anura 🇧🇹 (@Anura_Indo) August 20, 2026
This is the direct answer to Pakistan removing security outside our High Commission in Islamabad days ago and… pic.twitter.com/fAKw39FXxP
बता देें, नई दिल्ली स्थित पाकिस्तान हाई कमीशन के वीजा सेक्शन के आसपास कुछ अस्थायी या स्थायी ढांचे तय परिसर की सीमा से बाहर पाए गए थे. इन्हें अनधिकृत मानते हुए संबंधित एजेंसियों ने हटा दिया. हालांकि आधिकारिक तौर पर कार्रवाई की वजह अतिक्रमण और निर्धारित सीमा से बाहर किए गए निर्माण को बताया गया, लेकिन इसका समय भारत-पाकिस्तान के मौजूदा तनाव के बीच महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव की प्रमुख वजह सीमा पार आतंकवाद रही है. अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत के बाद दोनों देशों के संबंध और खराब हो गए. इसके बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था. इतना ही नहीं बाद में दोनों देशों के बीच गंभीर सैन्य तनाव पैदा हो गया था, हालांकि सरकार द्वारा प्रयासों के बाद इस पर विराम लगाया गया.
ऑपरेशन सिंदूर के बाद दोनों देशों के बीच व्यापार, वीजा और आवाजाही समेत कई स्तरों पर संबंध सीमित हुए हैं. भारत ने 1960 की सिंधु जल संधि को भी स्थगित रखा है. हालांकि दोनों देशों के बीच संपर्क पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है. सीमा पर तनाव को नियंत्रित रखने के लिए दोनों देशों के DGMO के बीच संपर्क बना हुआ है.
भारत का स्पष्ट रुख है कि पाकिस्तान के साथ सामान्य संबंध तभी संभव हैं, जब सीमा पार आतंकवाद पर प्रभावी और विश्वसनीय कार्रवाई हो. ऐसे में पाकिस्तान हाई कमीशन के बाहर हुई ताजा कार्रवाई को मौजूदा तनाव की व्यापक पृष्ठभूमि के रूप में देखा जा रहा है.