नई दिल्ली: मध्य पूर्व में जारी भारी तनाव और इजरायल के भीतर गर्माते चुनावी माहौल के बीच प्रधानमंत्री बेंजेमिन नेतन्याहू ने एक बेहद चौंकाने वाला खुलासा किया है। नेतन्याहू ने दावा किया है कि ईरान ने उनके एक बेटे को निशाना बनाकर उसकी जान लेने की सीधी कोशिश की थी। सोमवार को इजरायली समाचार चैनल 'चैनल 14' के सैन्य संवाददाता नोआम अमीर के साथ फोन पर हुई सीधी बातचीत में नेतन्याहू ने यह गंभीर आरोप मढ़ा। हालांकि, उन्होंने सुरक्षा कारणों और गोपनीयता का हवाला देते हुए यह स्पष्ट नहीं किया कि साजिश के निशाने पर उनके बड़े बेटे यायर थे या फिर छोटे बेटे एवनर।
नेतन्याहू ने जानकारी दी कि उन्होंने देश की आंतरिक सुरक्षा एजेंसी 'शिन बेट' के प्रमुख डेविड जिनी से सीधे तौर पर बात की है।
उन्होंने शिन बेट चीफ को निर्देश दिया कि प्रधानमंत्री पद की दौड़ में शामिल किसी भी उम्मीदवार या शीर्ष नेता की सुरक्षा में कोई कमी न छोड़ी जाए और सभी को उचित सुरक्षा घेरा मुहैया कराया जाए।
इंटरव्यू के दौरान इजराइली प्रधानमंत्री ने इस पूरे घटनाक्रम को अत्यंत विश्वसनीय खुफिया जानकारियों पर आधारित बताया। उन्होंने कहा कि उनके परिवार पर मंडरा रहा यह खतरा कितना भयानक और वास्तविक था, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्हें सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी करने के कदम उठाने पड़े। नेतन्याहू के मुताबिक, यदि सुरक्षा की यह विशेष व्यवस्था तुरंत नहीं की जाती, तो दुश्मन अपने नापाक मंसूबों में कामयाब हो सकता था।
देश में आगामी आम चुनावों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने राजनीति में संयम और परिपक्वता बरतने की पुरजोर अपील की। उन्होंने कहा कि राजनीतिक रैलियों और चुनावी प्रचार के माहौल में सभी पक्षों को अतिरिक्त सावधानी रखनी चाहिए।
गौरतलब है कि इसी साल जुलाई के महीने में इजरायल की उच्चस्तरीय मंत्री-स्तरीय समिति ने सुरक्षा समीक्षा के बाद प्रधानमंत्री की पत्नी सारा नेतन्याहू के साथ-साथ उनके दोनों बेटों यायर और एवनर की निजी सुरक्षा को और बढ़ाने की मंजूरी दी थी। नेतन्याहू के इस सनसनीखेज बयान ने न केवल इजरायल के घरेलू राजनीतिक पारे को बढ़ा दिया है, बल्कि ईरान के साथ पहले से जारी क्षेत्रीय कूटनीतिक और सैन्य संघर्ष को एक नए और नाजुक मोड़ पर ला खड़ा किया है।