नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल और असम में चल रहे विधानसभा चुनावों के बीच गुजरात के स्थानीय निकाय चुनावों में बीजेपी ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है। पार्टी ने सभी 15 नगर निगमों पर जीत दर्ज कर ली है। खास बात ये है कि हर निगम में बीजेपी ने 50% से ज्यादा सीटें अपने नाम की हैं।
आपको बताते चलें कि राज्य चुनाव आयोग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, सत्ताधारी पार्टी ने सुरेंद्रनगर, जामनगर, पोरबंदर, करमसद-आनंद, नाडियाद, नवसारी, वापी, सूरत और मोरबी समेत कई नगर निगमों में बहुमत हासिल किया। मोरबी नगर निगम में तो बीजेपी ने क्लीन स्वीप करते हुए सभी 52 सीटों पर जीत दर्ज की।
बीते रविवार (26 अप्रैल 2026) को 15 नगर निगम, 84 नगर पालिका, 34 जिला पंचायत और 260 तालुका पंचायत के लिए वोटिंग हुई थी। इसे अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले राज्य की सबसे बड़ी चुनावी प्रक्रिया माना जा रहा है। करीब 9,200 सीटों पर 4.18 करोड़ से ज्यादा वोटरों ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया।
चुनाव आयोग के डेटा के मुताबिक नगर निगमों में 55.1% मतदान हुआ। नगर पालिकाओं में 65.53%, जिला पंचायतों में 66.64% और तालुका पंचायतों में 67.26% वोटिंग दर्ज की गई। नगर निगमों की बात करें तो कच्छ के गांधीधाम में सबसे कम 46.03% मतदान हुआ। वहीं वलसाड के वापी में सबसे ज्यादा 72.29% वोट पड़े। अहमदाबाद नगर निगम में 51.81% मतदान रिकॉर्ड किया गया।
गौरतलब है कि इन चुनावों में बीजेपी, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी मुख्य मुकाबले में थीं। कई इलाकों में AIMIM ने भी अपने उम्मीदवार उतारे थे। लेकिन नतीजों में बीजेपी ने सभी दलों को पीछे छोड़ दिया। इस जीत को बीजेपी के लिए विधानसभा चुनाव से पहले बड़ा बूस्ट माना जा रहा है। पार्टी का हर नगर निगम में 50% से ज्यादा सीटें जीतना संगठन की जमीनी पकड़ को दिखाता है।
साथ ही बताते चलें कि नवसारी, गांधीधाम, मोरबी, वापी, आनंद, नाडियाद, मेहसाणा, पोरबंदर और सुरेंद्रनगर समेत 9 नए बने नगर निगमों में पहली बार चुनाव हुए। ये चुनाव ओबीसी आरक्षण के संशोधित नियमों के तहत कराए गए। इसके लिए कई जिलों में बड़े स्तर पर परिसीमन और वार्डों का पुनर्गठन किया गया था।