नई दिल्ली: पाकिस्तान सुपर लीग के एक रोमांचक मुकाबले ने अचानक विवाद का रूप ले लिया, जब जीत-हार के फैसले से पहले गेंद से छेड़छाड़ का आरोप लगाया गया. इस आरोप ने पूरे मैच की दिशा ही बदलकर रख दी. लाहौर कलंदर्स और कराची किंग्स के बीच खेला गया यह मुकाबला अब सिर्फ क्रिकेट नहीं, बल्कि अनुशासन और नियमों की कसौटी बन गया है.
रविवार को खेले गए इस मैच में लाहौर कलंदर्स के बल्लेबाज फखर जमान पर गेंद से छेड़छाड़ का आरोप लगा है. पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने पुष्टि की है कि मैच रेफरी रोशन महानामा की अध्यक्षता में हुई प्रारंभिक सुनवाई में फखर ने आरोपों से इनकार किया है. मामले की अगली सुनवाई 48 घंटे के अंदर होगी, जिसके बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा.
मैच के अंतिम ओवर में कराची को जीत के लिए 14 रन चाहिए थे. इस दौरान गेंदबाज हारिस रऊफ रन-अप पर थे, जबकि कप्तान शाहीन शाह अफरीदी और फखर जमान उनसे बातचीत कर रहे थे. इसी दौरान तीनों ने गेंद को छुआ, जिसके बाद अंपायरों को शक हुआ.
This is so Shameful
— Ehtisham Siddique (@iMShami_) March 29, 2026
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अंपायरों ने गेंद की जांच के बाद कराची किंग्स को पांच पेनल्टी रन दे दिए और गेंद बदल दी. इस फैसले ने मैच का समीकरण पूरी तरह बदल दिया. कराची को अब आखिरी ओवर में केवल नौ रन बनाने थे, जिसे उन्होंने 19.3 ओवर में हासिल कर लिया.
घटना के बाद यह बहस तेज हो गई है कि क्या किसी एक खिलाड़ी को दोषी ठहराने के लिए पर्याप्त सबूत मौजूद हैं. लाहौर के समर्थकों का कहना है कि गेंद को कई खिलाड़ियों और अधिकारियों ने छुआ था, जिससे किसी एक पर आरोप तय करना मुश्किल है.
अगर किसी भी हालत में फखर जमान फखर जमान दोषी करार दिए जाते हैं तो उन्हें लेवल-3 अपराध के तहत कम से कम एक मैच का प्रतिबंध लगाया जा सकता है. यह पहली बार नहीं है जब किसी पाकिस्तानी प्लेयर पर गेंद से छेड़छाड़ करने का आरोप लगा है. इससे पहले भी कई ऐसे मामले हो चुके हैं.