प्रतापगढ़: उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में लगातार हो रही बारिश के बीच एक बेहद दर्दनाक हादसा सामने आया है. नगर कोतवाली क्षेत्र के महुली वार्ड में बुधवार देर रात एक जर्जर मकान की छत अचानक भरभराकर गिर गई. हादसे के समय घर में परिवार के कई सदस्य मौजूद थे. मलबे में दबने से एक ही परिवार के छह लोगों की मौत हो गई, जबकि एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया.
जानकारी के मुताबिक, हादसा रात करीब तीन बजे हुआ. लगातार बारिश के कारण मकान की हालत पहले से खराब बताई जा रही थी. देर रात अचानक छत का एक हिस्सा नीचे आ गिरा और घर में सो रहे लोग मलबे के नीचे दब गए.
छत गिरने की तेज आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे. स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को घटना की जानकारी दी, जिसके बाद राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचा.
पुलिस और स्थानीय लोगों ने मिलकर मलबा हटाने का काम शुरू किया. करीब दो घंटे तक चले बचाव अभियान के बाद मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकाला गया. सभी घायलों और पीड़ितों को तत्काल अस्पताल ले जाया गया. अस्पताल में डॉक्टरों ने छह लोगों को मृत घोषित कर दिया. वहीं हादसे में घायल अमन का इलाज चल रहा है. उसकी हालत गंभीर बताई जा रही है.
इस हादसे में मकान मालिक 60 वर्षीय प्रमोद श्रीवास्तव और उनकी 55 वर्षीय पत्नी रीता श्रीवास्तव की जान चली गई. उनके 25 वर्षीय बेटे नितिन की भी मौत हो गई. इसके अलावा परिवार की छोटी बहू 23 वर्षीय माधुरी और उसके दो मासूम बच्चों ने भी हादसे में दम तोड़ दिया. मृत बच्चों में दो साल का माधव और महज चार महीने का अद्विक शामिल है.
इस घटना ने बारिश के मौसम में कमजोर और पुराने मकानों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है. लगातार बारिश से पुराने भवनों की दीवारों और छतों पर दबाव बढ़ सकता है. ऐसे में प्रशासन की ओर से जर्जर मकानों की पहचान कर समय रहते जरूरी कदम उठाना बेहद अहम हो जाता है.
प्रतापगढ़ की इस घटना ने पूरे इलाके को गम में डुबो दिया है. एक ही परिवार के छह सदस्यों की मौत से परिजनों और आसपास के लोगों में मातम का माहौल है.