नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी में अंदरूनी मतभेद खुलकर सामने आते दिख रहे हैं. राज्यसभा से उपनेता पद से हटाए जाने के बाद राघव चड्ढा ने अपनी ही पार्टी पर गंभीर आरोप लगाए हैं और कहा है कि उनके खिलाफ एक सुनियोजित अभियान चलाया जा रहा है. इस घटनाक्रम ने पार्टी के भीतर चल रही खींचतान को सार्वजनिक कर दिया है.
दरअसल, आम आदमी पार्टी ने हाल ही में राघव चड्ढा को राज्यसभा में उपनेता पद से हटाकर उनकी जगह अशोक मित्तल को नियुक्त किया है. इसके बाद चड्ढा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो जारी कर अपने ऊपर लगे आरोपों का जवाब दिया और पार्टी की आलोचना की.
चड्ढा ने कहा कि उनके खिलाफ एक ही तरह के आरोप बार-बार लगाए जा रहे हैं, जो किसी संयोग का परिणाम नहीं बल्कि एक सोची-समझी रणनीति या साजिश का हिस्सा है. उन्होंने स्पष्ट किया कि झूठे आरोपों को फैलने से पहले ही उन्हें अपनी बात सामने रखनी पड़ी.
मैं बोलना नहीं चाहता था, मगर चुप रहता तो बार-बार दोहराया गया झूठ भी सच लगने लगता।
Three Allegations. Zero Truth.
My Response: pic.twitter.com/tPdjp04TLt
— Raghav Chadha (@raghav_chadha) April 4, 2026
पार्टी द्वारा लगाए गए इस आरोप को उन्होंने सिरे से खारिज किया कि वह विपक्ष का समर्थन नहीं करते. उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि कोई एक उदाहरण पेश किया जाए, जब उन्होंने विपक्ष का साथ नहीं दिया हो. उनका कहना था कि संसद में मौजूद रिकॉर्ड और कैमरे सच्चाई साबित कर सकते हैं.
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रस्ताव पर हस्ताक्षर न करने के आरोप पर चड्ढा ने कहा कि केवल वही नहीं, बल्कि कई अन्य सांसदों ने भी इस पर हस्ताक्षर नहीं किए थे. उन्होंने सवाल उठाया कि फिर केवल उन्हें ही निशाना क्यों बनाया जा रहा है.
चड्ढा ने यह भी कहा कि उनका उद्देश्य संसद में शोर-शराबा करना नहीं, बल्कि आम जनता से जुड़े मुद्दों को उठाना है. उन्होंने दिल्ली के प्रदूषण, सरकारी स्कूलों की स्थिति, पंजाब से जुड़े विषय और रेलवे यात्रियों की समस्याओं जैसे मुद्दों पर अपने काम का उल्लेख किया. अंत में उन्होंने अपना वीडियो धुरंधर के डायलॉग 'घायल हूं इसलिए घातक हूं' के साथ खत्म किया.