नतीजों से पहले बंगाल में सियासी घमासान! EVM स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर TMC-BJP कार्यकर्ताओं का हंगामा, मौके पर पहुंची खुद CM ममता

TMC ने एक CCTV फुटेज जारी कर स्ट्रॉन्ग रूम में बैलेट बॉक्स से छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। पार्टी का दावा है कि उनकी गैर-मौजूदगी में मतपेटियों से छेड़खानी की कोशिश हुई।

Date Updated Last Updated : 30 April 2026, 10:18 PM IST
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Courtesy: Social Media

नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के नतीजों से पहले सियासत गरमा गई है। 4 मई को काउंटिंग से पहले TMC कार्यकर्ता कई जगह स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर डट गए हैं। कोलकाता से दुर्गापुर तक EVM की सुरक्षा को लेकर हंगामा मचा है। खुद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भी एक्शन में दिखीं और स्ट्रॉन्ग रूम का जायजा लेने पहुंचीं।

TMC ने भाजपा पर लगाया ये आरोप 

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार TMC ने एक CCTV फुटेज जारी कर स्ट्रॉन्ग रूम में बैलेट बॉक्स से छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। पार्टी का दावा है कि उनकी गैर-मौजूदगी में मतपेटियों से छेड़खानी की कोशिश हुई। इसी को लेकर कोलकाता के नेताजी इंडोर स्टेडियम में डॉ. शशि पांजा और कुणाल घोष धरने पर बैठ गए। 

सीएम ममता बनर्जी खुद सखावत मेमोरियल स्कूल पहुंचीं। यहीं भवानीपुर समेत दक्षिण कोलकाता के बूथों की EVM और मतपेटियां रखी हैं। TMC का कहना है कि BJP ने बंगाल में वोटरों को डराने, पैसा बांटने और केंद्रीय बलों का खौफ दिखाने जैसे सारे पैंतरे आजमा लिए। जब कुछ काम नहीं आया तो अब EVM के साथ खेल करने की कोशिश हो रही है।

दुर्गापुर स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर TMC का डेरा   

दुर्गापुर सरकारी कॉलेज के पास बने स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर TMC कार्यकर्ताओं ने मोर्चा संभाल लिया है। पार्टी को डर है कि कहीं मशीनों से गड़बड़ी न हो जाए। इसलिए स्ट्रॉन्ग रूम से 200 मीटर दूर अस्थायी कैंप बना दिया गया है। करीब 100 कार्यकर्ता दिन-रात शिफ्ट में तैनात हैं। 

वहीं पश्चिम बंगाल की भीषण गर्मी में कार्यकर्ताओं का ख्याल भी रखा जा रहा है। उन्हें एनर्जी के लिए गुड़-बताशा बांटा जा रहा है। TMC ब्लॉक नंबर 2 के युवा अध्यक्ष अजय देवनाथ ने बताया, "गर्मी में फिट रखने के लिए यह देसी नुस्खा है। 4 मई को नतीजों तक यह सिलसिला चलेगा।"

ममता बनर्जी भी कर सकती हैं प्रदर्शन! 

सूत्रों के मुताबिक ममता बनर्जी खुद दुर्गापुर के स्ट्रॉन्ग रूम का दौरा कर सकती हैं। माना जा रहा है कि EVM की सुरक्षा और निष्पक्षता को लेकर वह वहां प्रदर्शन भी कर सकती हैं। अगर ऐसा हुआ तो नतीजों से पहले बंगाल की राजनीति में बड़ा मोड़ आ सकता है।

23 और 29 अप्रैल को वोटिंग के बाद अब सबकी नजर 4 मई पर है। लेकिन उससे पहले ही EVM को लेकर TMC और BJP आमने-सामने हैं। TMC ने साफ कहा है कि बंगाल, महाराष्ट्र या बिहार नहीं है जहां वे चुपचाप हार देख लेंगे।

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